रामगढ़ पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने अंतरराज्यीय साइबर अपराधी और हत्या के आरोपी संतु कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। बिहार और झारखंड में साइबर ठगी के मामलों में कुख्यात संतु कुमार लंबे समय से पुलिस की रडार पर था और उसकी तलाश लगातार जारी थी।
संतु कुमार को साइबर अपराध की दुनिया में ‘साइबर ठगी का बादशाह’ माना जाता है। उस पर देश के कई राज्यों में फैले नेटवर्क के जरिए करोड़ों रुपये की ऑनलाइन धोखाधड़ी करने का आरोप है। पुलिस के अनुसार, संतु ने साइबर ठगी के लिए एक संगठित गिरोह खड़ा किया था, जिसके जरिए वह आम लोगों से लेकर व्यापारियों तक को निशाना बनाता था।
महाराष्ट्र के कारोबारी की हत्या का भी आरोप
सिर्फ साइबर ठगी ही नहीं, बल्कि संतु कुमार पर महाराष्ट्र के एक बड़े कारोबारी की हत्या में शामिल होने का भी गंभीर आरोप है। इस मामले ने संतु को एक खतरनाक अपराधी की श्रेणी में ला खड़ा किया था। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, हत्या का मामला आर्थिक लेन-देन और आपराधिक साजिश से जुड़ा हुआ बताया जा रहा है।
लंबे समय से फरार था आरोपी
संतु कुमार गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था। वह अलग-अलग राज्यों में रहकर अपने साइबर अपराध नेटवर्क को संचालित कर रहा था। रामगढ़ पुलिस की विशेष टीम ने तकनीकी निगरानी, इनपुट और खुफिया जानकारी के आधार पर उसे धर दबोचा।
कई राज्यों की पुलिस कर रही थी तलाश
संतु कुमार की गिरफ्तारी के बाद यह साफ हो गया है कि वह सिर्फ स्थानीय नहीं, बल्कि अंतरराज्यीय स्तर का अपराधी है। बिहार, झारखंड और महाराष्ट्र सहित कई राज्यों की पुलिस उसे लंबे समय से खोज रही थी। अब उसकी गिरफ्तारी से साइबर अपराध के कई मामलों का खुलासा होने की उम्मीद जताई जा रही है।
पूछताछ में हो सकते हैं बड़े खुलासे
पुलिस संतु कुमार से गहन पूछताछ कर रही है। उम्मीद है कि उससे जुड़े साइबर ठगी के नेटवर्क, उसके सहयोगियों और अब तक की गई धोखाधड़ी की पूरी परतें खुलेंगी। साथ ही, हत्या के मामले में भी अहम जानकारियां सामने आ सकती हैं।
रामगढ़ पुलिस की इस कार्रवाई को साइबर अपराध और संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है। इससे न केवल आम लोगों में सुरक्षा की भावना बढ़ेगी, बल्कि साइबर ठगों के नेटवर्क पर भी करारा प्रहार होगा।